21 वी सदी के कौशल की अगुआई करेंगे भारतीय युवा - सुधीर यादव
यूपी: नेहरु युवा केंद्र व युवा कल्याण विभाग उत्तर प्रदेश सरकार के संयुक्त तत्वावधान में आइआइटी कानपुर में आयोजित 2 दिवसीय (5-6 अप्रैल) "Y-20" कार्यक्रम में बस्ती प्रतिनिधित्व करते हुए सुधीर यादव ने 150 चयनित युवा और कुल 2500 से अधिक गणमान्यों के बीच अपनी बात रखीं। सुधीर ने बताया कि अपने क्षेत्र में विशिष्ट पहचान बनाने वालें आदि वक्ता अतिथियों ने कुल तीन सत्र में चर्चा की। पहला सत्र "स्वास्थ्य का भविष्य", दूसरा सत्र " सतत् भविष्य के प्रोद्योगिकी" और तीसरे सत्र में "काम के भविष्य में नवाचार" आदि विषयों पर हुआ। सुधीर यादव ने कहा कि भारत सरकार ने इस दिशा में अपने कदम बढ़ाते हुए अपनी योजनाओं के क्रियान्वयन में तकनीक का भरपूर इस्तेमाल किया हैं। भारत सरकार ने 480 मिलियन जनधन खाता खोलकर लगभग 28 लाख करोड़ की राशि को हस्तांतरित किया है,अगर शिक्षा की बात कि जाए तो भारत द्वारा प्रस्तावित डिजीटल यूनिवर्सिटी की मांग अफ्रीकी महाद्वीप में होना गौरव की अनुभूति कराता हैं और देश के सौंवे यूनिकार्न के रुप में अलख पांडेय का फिजिक्सवाला शैक्षिक पहल भी आर्थिक आधार पर शिक्षा से वंचितों को आइआइटी - मेडिकल आदि परीक्षाओं के तैयारी में सहूलियत देने वाला हैं।एक रिपोर्ट के अनुसार वर्तमान में विश्व के 400 करोड़ ऐसे लोग हैं जिनके पास कोई डिजीटल पहचान नहीं हैं, जबकि हर भारतीय के पास उसका आधार कार्ड है।200 करोड़ लोग ऐसे हैं विश्व में जिसके पास बैंक खाता नहीं हैं बल्कि भारत में हर परिवार के मुखिया का बैंक अकाउंट हैं।93 ऐसे देश हैं जिनके पास उनकी कोई राशि के लेन देन हेतु फास्ट डिजीटल मैकेनिज्म नहीं है वहीं भारत ने इस क्षेत्र में अनगिनत ऐप का इस्तेमाल कर महारथ हासिल कर ली हैं और जिस देशों को ये तकनीक इस्तेमाल करनी है भारत द्वारा उसे सहायता प्रदान की जाएगी।जहा एक विश्व की दो महाशक्ति चीन और अमेरिका आइसीज(ICs) चिप के लिए लड़ते हुए एक दूसरे के व्यापारिक हितों को प्रभावित कर रही है तो दूसरी तरफ भारत सरकार ने आइसी चिप बनाने के केंद्र के रुप में मदन मोहन मालवीय प्रोद्योगिकी विश्वविद्यालय सहित भारत के 100 संस्थानों का चुनकर उन्हें अनुदान राशि देकर प्रोत्साहित करना शुरू कर दिया है। विगत बजट में भारत सरकार ने तकनीकी रुप से भारतीय युवाओं को स्किल्ड करने के लिए प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना 4.0 में कोडिंग, एआई, रोबोटिक्स, मेक्ट्रोनिक्स, आईओटी, 3-डी विषयों पर प्रशिक्षित करने के लिए 30 से अधिक केंद्र स्थापित करने की घोषणा की हैं।21 वीं सदी के तकनीकी कौशल में भारतीय युवा ही अगुआ होंगे क्योंकि भारत के युवा "वन अर्थ,वन फैमिली, वन फ्यूचर" नारा देने वाला नहीं बल्कि इसे ही ध्येय वाक्य मानकर वसुधैव कुटुंबकम को जीने वालें युवा हैं,जो अपने हर प्रयास में "लोका समस्ता सुखिनः भवंतु" चरितार्थ करने वालें हैं। इस उपलब्धि पर जिला युवा कल्याण अधिकारी अनुराग यादव , पूर्व विधायक अंबिका सिंह , अंकुर वर्मा , पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष विवेक श्रीवास्तव, सतीश सिंह , नोमान अहमद , विश्वनाथ चौधरी ने खुशी व्यक्त की है तथा एपीएन के छात्र अर्पित पाठक ने कहा कि सुधीर इससे पहले संसद भवन में भी जा चुके है एपीएन पीजी कॉलेज व जिले के लिए यह गर्व का विषय है ।
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